इंदौर: मध्य प्रदेश में दूध और दुग्ध उत्पादों में मिलावटखोरी के खिलाफ चलाए जा रहे व्यापक विशेष अभियान के तहत खाद्य सुरक्षा प्रशासन ने इंदौर में एक बहुत बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। खाद्य सुरक्षा विभाग और भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (FSSAI) की संयुक्त टीम ने एबी रोड स्थित एक बड़े कंपनी डिपो पर औचक छापा मारकर लगभग पच्चीस हजार लीटर घी की खेप को आगामी बिक्री के लिए प्रतिबंधित कर दिया है। जब्त किए गए इस घी की कुल अनुमानित बाजार कीमत डेढ़ करोड़ रुपए आंकी गई है।

कलेक्टर के मार्गदर्शन में एबी रोड स्थित डिपो पर छापा

जिला कलेक्टर शिवम वर्मा के कुशल मार्गदर्शन में खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की विशेष टीम ने छह अगस्त को एबी रोड स्थित गोल्डन पैलेस कॉलोनी के विक्टर हाउस-1 पर स्थित प्रतिष्ठान पर दबिश दी। इस डिपो में महाराष्ट्र के पुणे स्थित पराग मिल्क फूड्स लिमिटेड द्वारा उत्पादित प्रसिद्ध 'गोवर्धन ब्रांड' घी का भारी मात्रा में भंडारण और वितरण किया जा रहा था। यह केंद्र मध्य प्रदेशभर में इस ब्रांड के घी की सप्लाई का मुख्य हब माना जाता है।

मशहूर हस्तियों द्वारा प्रचारित ब्रांड और केंद्रीय लाइसेंस का मामला

गौरतलब है कि गोवर्धन घी का प्रचार देश के जाने-माने बॉलीवुड अभिनेता अमिताभ बच्चन द्वारा किया जा चुका है। यह प्रतिष्ठान केंद्रीय लाइसेंस के अंतर्गत संचालित हो रहा था, जिसके चलते खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने तुरंत वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों को इसकी सूचना दी। सूचना मिलते ही एफएसएसएआई वेस्टर्न रीजन और इंदौर शाखा की केंद्रीय टीम भी मौके पर पहुंच गई और स्थिति का जायजा लिया।

घी के नमूने जांच के लिए लैब भेजे गए और बिक्री पर रोक

टीम ने गुणवत्ता की पुष्टि होने तक पच्चीस हजार लीटर घी की बिक्री पर पूरी तरह रोक लगा दी है। इसी विशेष अभियान के तहत अधिकारियों ने साउथ हरसिद्धि स्थित 'भावण्या इंटरप्राइजेज' का भी निरीक्षण किया, जहां से 'गोपीश्री ब्रांड' घी के चार नमूने लेकर लगभग सवा लाख रुपए कीमत का घी सीज किया गया। इसके अलावा विजय नगर क्षेत्र के एक रेस्टोरेंट और महू के विभिन्न प्रतिष्ठानों से पनीर, दही, बेसन, मिठाई और मसालों के कुल दस नमूने भरकर जांच के लिए भोपाल प्रयोगशाला भेजे गए हैं।