बैंकों ने ग्राहकों से हिडेन चार्जेज से वसूले 11 हजार करोड़: क्रेड सीईओ
नई दिल्ली । भारतीय फिनटेक ऐप क्रेड ने खुलास किया है कि बैंकों ने ग्राहकों से हिडेन चार्जेज लगाकर 11 हजार करोड़ रुपये वसूल लिए हैं। क्रेड के सीईओ कुणाल शाह ने बताया कि उनका फिनटेक प्लेटफॉर्म ने पिछले साल ही 11,000 करोड़ रुपये के हिडेन शुल्क और लेट फीस प्रस्तुत की। फिर भी उन्होंने एक नया टूल्स का उद्घाटन किया है जिसका मकसद क्रेडिट कार्ड के उपभोक्ताओं के लिए क्रेडिट की प्रबंधन प्रक्रिया को सुधारना है। इस नए फीचर में क्रेड प्रोटेक्ट भी शामिल है, जो हिडेन चार्जेज और बिलिंग त्रुटियों को संबोधित करता है। यह विसंगति पहचान प्रणाली अनधिकृत शुल्क, गलत ब्याज शुल्क और अप्रत्याशित शर्तों का पता लगाने में मदद करती है। क्रेड का मिशन है लोगों के लिए क्रेडिट के प्रयोग को सरल और अधिक सहज बनाना, जो उन्हें वित्तीय स्वतंत्रता और संबंधितता प्रदान करता है। कुणाल शाह ने व्यवसाय की इस दिशा को दर्शाने में सवालबार्ड के साथ उनके सहयोग का भी जिक्र किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि क्रेड नहीं सिर्फ क्रेडिट को सरल बना रहा है, बल्कि लोगों की वित्तीय स्वतंत्रता को बढ़ावा दे रहा है।
‘अपमान का बदला ले जनता’: SIR विवाद पर Mamata Banerjee का बड़ा बयान
प्रचार बंद, अब सियासत का फैसला बड़े गठबंधन और नेताओं पर निर्भर
पश्चिम बंगाल में सियासी घमासान तेज, Indian National Congress ने झोंकी स्टार प्रचारकों की फौज
विक्रम यूनिवर्सिटी ने विवाद पर अभी तक कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया
पाकिस्तान पर संकट गहराया! ईरान युद्ध के बीच Shehbaz Sharif का बड़ा फैसला—आज से लॉकडाउन